शिक्षा के नाम पर ‘लूट’ बर्दाश्त नहीं: भूपेश शर्मा
अखण्ड आर्यावर्त निर्माण संघ ने खोला मोर्चा

कासगंज।जनपद के निजी स्कूलों में NCERT किताबों की अनदेखी और निजी प्रकाशकों की महंगी पुस्तकें थोपे जाने के खिलाफ अखण्ड आर्यावर्त निर्माण संघ ने आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेश शर्मा ने जिलाधिकारी को रजिस्टर्ड डाक और सोशल मीडिया के जरिए कड़ा मांग पत्र भेजकर 20 मई तक का अल्टीमेटम दिया है।
उन्होंने बताया कि शासन के स्पष्ट आदेश के बावजूद 90% से अधिक स्कूल निजी प्रकाशकों से सांठगांठ कर अभिभावकों का आर्थिक शोषण कर रहे हैं। जो किताबें NCERT की होनी चाहिए, उनकी जगह 10 गुना महंगे ‘प्राइवेट कोर्स’ चलाए जा रहे हैं।, पत्र में खुलासा किया गया कि 30-50% कमीशन के चक्कर में बाजार में NCERT की किताबों की ‘आर्टिफिशियल स्कार्सिटी’ पैदा की गई है, ताकि अभिभावक स्कूलों द्वारा तय चुनिंदा दुकानों से ही बुक-सेट खरीदें।
संघ ने प्रशासन से ‘फ्लाइंग स्क्वायड’ गठित कर स्कूलों में औचक छापेमारी की मांग की है। साथ ही प्रस्ताव दिया है कि दोषी स्कूलों पर प्रति छात्र 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाकर उनकी मान्यता रद्द की जाए।नियमों को ताक पर रखकर स्कूलों ने अपनी बुक-लिस्ट और फीस का विवरण सार्वजनिक नहीं किया है, जिसे संघ ने शासनादेश का खुला उल्लंघन बताया है।
*चेतावनी: 20 मई के बाद होगा बड़ा आंदोलन*
राष्ट्रीय अध्यक्ष ने चेतावनी दी है कि यदि 20 मई तक प्रभावी कानूनी कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन प्रशासन की ‘मौन संलिप्तता’ मानते हुए जनहित में कई बड़े निर्णय लेने के लिए विवश होना पड़ेगा इसकी सूचना मुख्यमंत्री और प्रमुख सचिव (शिक्षा) को भी भेज दी गई है।
“राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेश शर्मा ने कहा कि अभिभावकों की जेब पर डकैती डाली जा रही है। अगर प्रशासन ने जल्द कार्रवाई नहीं की, तो हम सड़कों पर उतरने और कानूनी लड़ाई लड़ने के लिए बाध्य होंगे।”
Author: Soron Live 24

