???? सोरों में जन्माष्टमी की धूम : द्वारकाधीश मंदिर में झांकियों व भव्य श्रंगार के बीच उमड़ा जनसैलाब
कासगंज! सोरों। तीर्थनगरी सोरों में जन्माष्टमी का पर्व अपूर्व उल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया गया। घर-घर श्रद्धालुओं ने पकवान बनाकर कान्हा को नूतन पोशाक पहनाई, हिंडोले सजाए और बधाई गीत गाकर जन्मोत्सव मनाया। गंगा स्नान कर श्रद्धालुओं ने व्रत रखा और रात्रि 12 बजे कान्हा के जन्म के पश्चात मेवा-मिष्ठान का भोग लगाकर ही व्रत खोला।
कन्हैया जन्मोत्सव का मुख्य आयोजन कटरा बाजार स्थित द्वारकाधीश मंदिर में हुआ। मंदिर को भव्यता से सजाया गया—बाहरी परिसर में इलेक्ट्रॉनिक रंग-बिरंगी लाइटें तो आंतरिक परिसर में गेंदा और गुलाब के सुगंधित पुष्पों से आकर्षक सज्जा की गई। सेवायत सुशील गौड़ ने राधा-कृष्ण का भव्य श्रंगार कर उन्हें नूतन आभूषण व पोशाक धारण कराई। नंदलाल का पालना भी विशेष रूप से सजाया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत अखंड रामचरितमानस पाठ के समापन और महाआरती से हुई। इसके बाद मंदिर परिसर में दर्शन मेला प्रारंभ हुआ। श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनीं कृष्ण लीलाओं की झांकियां—जिनमें माखन चोरी, कालिया नाग मर्दन, पूतना वध, गोवर्धन उठाना, कंस वध और अर्जुन को गीता उपदेश जैसी लीलाएं शामिल थीं। राधा-कृष्ण और गोपियों का रूप धरे बच्चे भी विशेष आकर्षण रहे।
जैसे ही रात्रि 12 बजे कान्हा का जन्म हुआ, मंदिर सहित पूरे नगर में शंख-घंटों की गूंज और “हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैयालाल की” के जयकारों से वातावरण गुंजायमान हो उठा। भक्तों ने एक-दूसरे को बधाई दी और जगह-जगह पंचामृत व पंजीरी का प्रसाद वितरित किया गया।
द्वारकाधीश मंदिर के अलावा श्याम वराह, आदि वराह, रघुनाथ जी, चैतन्य महाप्रभु की बैठक, राधा-कृष्ण, योगेश्वर, पंचमुखी गणेश और शिवशक्ति कैला देवी मंदिर सहित नगर के विभिन्न मंदिरों में भी जन्माष्टमी धूमधाम से मनाई गई। देर रात तक श्रद्धालुओं का जनसैलाब झांकियों और दिव्य श्रंगार के दर्शन के लिए उमड़ता रहा।
???? फोटो : सोरोंजी के द्वारकाधीश मंदिर में फूल बंगले में विराजमान राधा-कृष्ण के दिव्य दर्शन

Author: Soron Live 24

