मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय नवादा के स्थानांतरण के विरोध में, पटियाली तहसील पर क्रमिक अनशन
समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन

कासगंज जनपद के पटियाली तहसील के ग्राम नवादा (ग्राम पंचायत सिकंदरपुर मनौना) में स्वीकृत मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय को सहावर तहसील के ग्राम बड़ागांव स्थानांतरित किए जाने के प्रयासों के खिलाफ आज 2 अगस्त 2025 को पटियाली तहसील परिसर में सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक दो घंटे का क्रमिक अनशन किया गया।
इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों, अधिवक्ताओं, समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं और समाजसेवियों ने एकजुट होकर विरोध दर्ज कराया। अनशन के बाद जिलाधिकारी कासगंज श्री प्रणय सिंह को एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें मांग की गई कि विद्यालय के प्रस्तावित स्थानांतरण पर तत्काल रोक लगाई जाए और निर्माण कार्य नवादा में शीघ्र प्रारंभ कराया जाए।
*अब्दुल हफीज गांधी* (पूर्व राष्ट्रीय प्रवक्ता, समाजवादी पार्टी) ने कहा: “यह स्थानांतरण न केवल प्रशासनिक न्याय के विरुद्ध है बल्कि पटियाली क्षेत्र के सैकड़ों दलित, पिछड़े, गरीब और ग्रामीण बच्चों के भविष्य के साथ अन्याय है। यह केवल एक विद्यालय का मामला नहीं, बल्कि जनसम्मान और संविधान प्रदत्त समान अवसर के अधिकार का प्रश्न है।”
*लक्ष्मन सिंह यादव* (जिला उपाध्यक्ष, समाजवादी पार्टी) ने कहा: “पटियाली की जनता के साथ यह विश्वासघात है। जो स्कूल यहां बनना था, उसे सहावर शिफ्ट करने का निर्णय जनविरोधी है और इसे हम बर्दाश्त नहीं करेंगे।”
*केपी सिंह यादव एडवोकेट* (अध्यक्ष, पटियाली बार एसोसिएशन) ने कहा: “यह कानूनी और प्रशासनिक नियमों की अनदेखी है। हम अधिवक्ता समाज इस अन्याय के विरुद्ध लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करेगा।”
*अनवर अली ईसार मियां* (वरिष्ठ समाजवादी नेता) ने कहा: “गांव के गरीब, मजदूर और किसान के बच्चों को शिक्षा से वंचित करने की यह साजिश कभी कामयाब नहीं होगी।”
*अमर सिंह चौहान* (वरिष्ठ समाजवादी नेता) ने कहा:”अगर स्कूल नवादा से हटाया गया, तो यह पूरे पटियाली क्षेत्र के साथ भेदभाव होगा।”
*रीना वर्मा* (जिला अध्यक्ष, समाजवादी महिला सभा) ने कहा: “यह महिलाओं और बेटियों के शिक्षा के अधिकार को दबाने का प्रयास है। हम चुप नहीं बैठेंगे।”
*इस अवसर पर* अनु यादव, हमराज परवीन, असद हुसैन, डॉ. मुस्तकीम अंसारी, हसमत अली फारुकी, हिकमत अली फारूकी, इरशाद अली, मोहम्मद शाहिद, अवनीश शाक्य (एडवोकेट), अनिल यादव (एडवोकेट), विमल कश्यप (एडवोकेट), सोनेलाल (एडवोकेट), प्रशांत यादव (एडवोकेट), मुनेंद्र शाक्य एवं सेना से सेवानिवृत्त समाजसेवी — फौजी रामेश्वर सिंह, फौजी शैतान सिंह, फौजी गंगा सिंह यादव आदि।
Author: Soron Live 24

