राष्ट्रीय बजरंग दल ने निजी स्कूलों के खिलाफ डीएम को दिया ज्ञापन।


कासगंज। राष्ट्रीय बजरंग दल के पदाधिकारियों द्वारा शुक्रवार को निजी स्कूल में एडमिशन फॉर्म, ड्रेस और पुस्तकों पर अवैध वसूली किये जाने के संबंध में जिलाधिकारी कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान राष्ट्रीय बजरंग दल के पदाधिकारियों ने डीएम संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की है। एसडीएम को सौंपे ज्ञापन में राष्ट्रीय बजरंग दल के पदाधिकारियों ने बताया है कि राष्ट्रीय बजरंग दल विश्व का सवसे बडा हिन्दू संगठन है। जो स्थापना काल से ही छात्र छात्राओं के हित में कार्य करता आ रहा है। उन्होने बताया कि जिलेभर के निजी स्कूल प्रबंधकों ने एक अप्रैल से शुरू हुए नए शिक्षण सत्र में स्कूल फीस में बढ़ोतरी कर दी है। स्कूलों द्वारा बताई गई दुकानों से एनसीआरटी की जगह प्राईवेट पब्लिशर्स की किताबों की खरीदने के लिए अभिभावको विवश कर रहे है, इन किताबी की कीमत की किताबों में कई गुना ज्यादा है, सीबीएई एंव शिक्षा विभाग के निर्देशों के विपरीत सभी निजी स्कूलों ने अपनी किताब ड्रेस, जूते, मौजे आदि की दुकान खोल रखी है, जिसमें 70-75 प्रतिशत स्कूलों का कमीशन बंधा हुया है, निजी स्कूल की तरफ से निर्धारित पब्लिशर्स की पुस्तके स्थानीय बाजार में मिलती भी नहीं है, ऐसी स्थिती में अभिभावक स्कूल की तरफ निधारित दुकानों से ही पुस्तके की खरीदारी के लिए मजबूर हो रहे है जबकि प्राइवेट स्कूल में एनसीआरटी व सीबीएसई द्वारा निर्धारित किताबी में पढ़ाई का आदेश दिया गया है। यह शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत से सरासर गलत है, लेकिन इसके बावजूद भी निजी स्कूल इस कार्य को बेझिझक कर रहे है। जिसमें दुकानदार वा स्कूल वाले करोड़ों का मुनाफा कर रहे है जिनका बोझ अभिभावकों पर पड़ रहा है। उन्होने जिलाधिकारी से इस विषय पर संज्ञान लेकर पूर्ण रूप से खुली लूटपाट और मनमानी कर रहे प्राइवेट स्कूल के खिलाफ आगामी तीन दिन के अन्दर उचित कारवाई किये जाने की मांग की है। उन्होने कहा है कि अन्यथा की स्थिति में राष्ट्रीय बजरंग दल जिले भर में जान्दोलन के लिए मजबूर होगा जिसमें सम्पूर्ण जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। इस दौरान जिलाध्यक्ष राष्ट्रीय बजरंग दल/ब्लाॅक अध्यक्ष राज दिवाकर, सुशांत पाल, राज वैभव महेरे, गौरी शंकर महेरे, रवि यादव, राजा उपाध्याय, प्रिन्श पराशर, प्रशांत, विपिन शाक्य सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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Author: Soron Live 24

