के.ए. (पी.जी.) कॉलेज, कासगंज में राष्ट्रीय संगोष्ठी: शारीरिक शिक्षा और शोध पर गहन मंथन
कासगंज:के.ए. (पी.जी.) कॉलेज, कासगंज के शारीरिक शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित द्विदिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी-अखिल भारतीय स्तर, श्री विशंभर दयाल बिंदल सभागार में भव्यता से संपन्न हुई। संगोष्ठी का मुख्य विषय “शारीरिक शिक्षा : अन्य विषयों की अभिवृद्धि में सहायक और पारस्परिक सहयोग” था। यह संगोष्ठी ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से आयोजित की गई। उत्तर प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा विभाग के सहयोग से आयोजित इस संगोष्ठी का उद्देश्य शारीरिक शिक्षा के बहुआयामी योगदान को रेखांकित करना और इसे अन्य शैक्षणिक विषयों से जोड़कर नई संभावनाओं को तलाशना था।
*उद्घाटन सत्र*
संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि डॉ. विनय कुमार जैन (सचिव, प्रबंध समिति, के.ए. (पी.जी.) कॉलेज) ने अपने संबोधन में कहा, “शारीरिक शिक्षा केवल शारीरिक स्वास्थ्य ही नहीं, बल्कि मानसिक एवं सामाजिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।” उन्होंने यह भी बताया कि यह विषय विभिन्न शैक्षणिक और व्यावसायिक क्षेत्रों में नवाचार और अनुसंधान को प्रेरित करता है।
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अशोक रुस्तगी ने स्वागत भाषण में कहा कि यह संगोष्ठी अंतरविषयक सहयोग को बढ़ावा देने का एक सशक्त माध्यम बनेगी। मुख्य वक्ता डॉ. बी.बी. सिंह ने अपने व्याख्यान में शारीरिक शिक्षा के शिक्षण और अनुसंधान में बढ़ते महत्व पर प्रकाश डाला और इसके विभिन्न क्षेत्रों में योगदान की चर्चा की।
इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों में श्री संतोष माहेश्वरी (शहर सचिव, प्रबंध समिति), श्री मुकुल मान सिंह (सदस्य, प्रबंध समिति), प्रो. शेखर शर्मा (प्राचार्य, गंजडुंडवारा डिग्री कॉलेज), प्रो. रानू शर्मा (प्राचार्य, श्रीमती शारदा जोहरी नगर पालिका कन्या महाविद्यालय, कासगंज) और प्रो. बीना रूस्तगी (अध्यक्ष, हिंदी विभाग, जेएस हिंदू पीजी कॉलेज, अमरोहा) उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. पूनम रानी शर्मा (हिंदी विभाग) और डॉ. कुशार साहनी (अंग्रेजी विभाग) ने किया।
*शोध पत्र प्रस्तुतियाँ एवं विषय-वस्तु*
संगोष्ठी में विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं संस्थानों के विशेषज्ञों ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत किए, जिनमें शारीरिक शिक्षा और अन्य विषयों के अंतर्संबंधों पर महत्वपूर्ण विचार साझा किए गए।
डॉ. अनुरोध सिंह सिसोदिया (एलएनआईपीई, ग्वालियर) – शारीरिक शिक्षा के अंतर्विषयक प्रभाव एवं तनाव प्रबंधन में योगदान।
प्रो. बीना रूस्तगी (जेएस हिंदू पीजी कॉलेज, अमरोहा) – शारीरिक शिक्षा और हिंदी भाषा में समन्वय।
डॉ. जगदीश यादव (एके कॉलेज, शिकोहाबाद) – शारीरिक शिक्षा और दैनिक जीवन में इसकी भूमिका।
डॉ. जसवंत सिंह यादव (एके कॉलेज, शिकोहाबाद) – आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का शारीरिक शिक्षा और खेलों पर प्रभाव।
डॉ. ब्रिजेंद्र यादव (के.ए. (पी.जी.) कॉलेज, कासगंज) – संस्कृत साहित्य में खेलों का वर्णन।
डॉ. अजय ढांगड़ (मध्य प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग) – मांसपेशी तंतु पहचान तकनीक (Muscle Fiber Type Identification Techniques)।
डॉ. सौमित्र मंडल (कलिंगा स्टेडियम, भुवनेश्वर) – भारत में खेल विज्ञान की यात्रा।
डॉ. स्वतंत्र सिंह (सरस्वती डिग्री कॉलेज, हाथरस) – आज के परिप्रेक्ष्य में फिटनेस की चुनौतियाँ।
डॉ. हरप्रीत कौर (गवर्नमेंट कॉलेज, छत्तीसगढ़) – शेक्सपियर और खेल: एलिज़ाबेथन नाटकों में प्रतिस्पर्धा और प्रदर्शन।
डॉ. भावना टिमल (शारदा जोहरी एनपीजी कॉलेज, कासगंज) – विशेष रूप से सक्षम व्यक्तियों के सशक्तिकरण में शारीरिक शिक्षा की भूमिका।
डॉ. विजय शंकर (एके कॉलेज, शिकोहाबाद) – ग्रामीण और शहरी खो-खो खिलाड़ियों की खेल चिंता और आत्म-विश्वास का तुलनात्मक अध्ययन।
डॉ. सुरेंद्र सिंह (बद्री विशाल पीजी कॉलेज, फर्रुखाबाद) – राष्ट्र निर्माण में योग की भूमिका।
*प्रतिभागी विश्वविद्यालय*
इस संगोष्ठी में देशभर के प्रतिष्ठित 48 विश्वविद्यालयों ने भाग लिया, जिनमें प्रमुख रूप से अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय, एलएनआईपीई ग्वालियर, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, इलाहाबाद विश्वविद्यालय, जामिया मिलिया इस्लामिया, गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, मद्रास विश्वविद्यालय, किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी, छत्तीसगढ़ विश्वविद्यालय, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, ओडिशा खेल विश्वविद्यालय, राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय, आगरा विश्वविद्यालय आदि शामिल रहे।
*तकनीकी प्रबंधन एवं पुरस्कार*
सम्मेलन के तकनीकी प्रबंधन की जिम्मेदारी Techo-V कंपनी द्वारा सफलतापूर्वक निभाई गई। इस अवसर पर उत्कृष्ट शोध एवं योगदान के लिए विशेष पुरस्कार प्रदान किए गए-
सर्वश्रेष्ठ शोध पत्र (विज्ञान एवं तकनीक श्रेणी) – डॉ. जसवंत सिंह (एके कॉलेज, शिकोहाबाद) को प्रदान किया गया।
सबसे संभावनाशील शोधकर्ता पुरस्कार – डॉ. अंजना वशिष्ठ (के.ए. (पी.जी.) कॉलेज, कासगंज) को सम्मानित किया गया।
सर्वश्रेष्ठ खेल सहायक कंपनी – टेको वी Techo-V, जिसने सम्मेलन के तकनीकी प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
*समापन एवं धन्यवाद ज्ञापन*
सम्मेलन के समापन अवसर पर राष्ट्रीय संगोष्ठी के आयोजन सचिव डॉ. प्रवीण सिंह जादौन ने उत्तर प्रदेश सरकार, निदेशालय, उत्तर प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग, राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय, महाविद्यालय प्रबंधन समिति, सभी अतिथियों, महाविद्यालय के प्राचार्य, शोधकर्ताओं, आयोजन समिति, पत्रकार बंधु एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। इस प्रकार यह दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी सफलतापूर्वक संपन्न हुई।

Author: Soron Live 24



