शिक्षा को लूट से मुक्त कराने के लिए जन अधिकार मार्च, अभिभावकों से एकजुट होने की अपील
एनसीईआरटी लागू करने, अनधिकृत शुल्क पर रोक और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग; 13 सितंबर को कासगंज में निकलेगा मार्च।


कासगंज। शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और नियमों के प्रभावी पालन की मांग को लेकर “शिक्षा को लूट से मुक्त करो—जन अधिकार मार्च” का आयोजन किया जाएगा। अभियान के तहत अभिभावकों, युवाओं और जागरूक नागरिकों से एकजुट होकर शिक्षा व्यवस्था में सुधार की आवाज बुलंद करने की अपील की गई है।
पोस्टर के अनुसार मार्च रविवार, 13 सितंबर 2026 को दोपहर 12 बजे निकाला जाएगा। सभी साथियों को अंबेडकर पार्क, कासगंज में एकत्र होने की अपील की गई है। मार्च का प्रारंभ अंबेडकर पार्क से होकर गांधी मूर्ति तक प्रस्तावित है।
अभियान के आयोजकों की प्रमुख मांगों में 100 प्रतिशत एनसीईआरटी लागू करना, अनधिकृत शुल्क पर रोक लगाना, फीस में पारदर्शिता सुनिश्चित करना, यूनिफॉर्म में अनावश्यक बदलाव बंद करना, आरटीई का प्रभावी पालन, शिक्षकों का सम्मान एवं बेहतर शैक्षिक व्यवस्था तथा जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक करना शामिल है।
अभियान में यह भी कहा गया है कि शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही सुनिश्चित होनी चाहिए और किसी भी विद्यार्थी या अभिभावक के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए। पोस्टर में “शिक्षा अधिकार है, व्यापार नहीं” का संदेश भी दिया गया है।
हरवीर सिंह भारतीय ने कहा—शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही जरूरी
हरवीर सिंह भारतीय, संयोजक, शिक्षा को लूट से मुक्त करो जन आंदोलन, ने कहा कि शिक्षा बच्चों के भविष्य से जुड़ा विषय है, इसलिए इसमें पारदर्शिता, नियमों का पालन और जवाबदेही अनिवार्य होनी चाहिए। अभिभावकों और नागरिकों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होकर शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठानी चाहिए।
उन्होंने अभिभावकों, युवाओं और जागरूक नागरिकों से 13 सितंबर को अंबेडकर पार्क पहुंचकर जन अधिकार मार्च में शामिल होने की अपील की।
Author: Soron Live 24

